Tuesday, September 1, 2026
Home News मीडिया की पढ़ाई अब सिर्फ क्लासरूम तक सीमित नहीं, प्रैक्टिकल अनुभव पर...

मीडिया की पढ़ाई अब सिर्फ क्लासरूम तक सीमित नहीं, प्रैक्टिकल अनुभव पर बढ़ा जोर

नई दिल्ली: मीडिया इंडस्ट्री में तेजी से बदलते कामकाजी माहौल के बीच छात्रों को किताबी जानकारी के साथ वास्तविक अनुभव देने की जरूरत भी बढ़ रही है। इसी दिशा में Wordloom Creative Ventures ने Integrated Media Studies Programme शुरू किया है, जिसमें छात्रों को मीडिया के अलग-अलग पहलुओं से प्रैक्टिकल तरीके से परिचित कराने पर जोर दिया गया है।

इस प्रोग्राम की खास बात यह है कि छात्रों को थ्योरी पढ़ाने के साथ साथ वास्तविक प्रोजेक्ट्स और प्रोफेशनल वर्कफ्लो से जोड़ने की कोशिश की जाएगी। उन्हें क्लाइंट्स के साथ काम करने, शूट में हिस्सा लेने, एडिटिंग करने और तय समय में काम पूरा करने का अनुभव मिलेगा। कार्यक्रम में इंडस्ट्री से जुड़े विशेषज्ञों को भी फैकल्टी के रूप में शामिल किया गया है।

कार्यक्रम के तहत एक महीने के शॉर्ट टर्म और तीन महीने के सर्टिफिकेट कोर्स रखे गए हैं। इनमें Writing for Media, Digital Marketing, Social Media Management, Advertising, Media Communications तथा Production & Events जैसे विषय शामिल हैं। सितंबर बैच के लिए दाखिले चल रहे हैं।

Wordloom Creative Ventures की शुरुआत 2006 में हुई थी और संस्था मीडिया, शिक्षा तथा Performing Arts के क्षेत्र में काम कर रही है। इस प्रोग्राम को संस्था की Founder-Director तपोब्रती दास समाद्दार ने तैयार किया है, जिनके पास मीडिया, उद्यमिता और शिक्षण के क्षेत्र में लंबा अनुभव है।
मीडिया शिक्षा को इंडस्ट्री की जरूरतों के करीब लाने की यह पहल ऐसे छात्रों के लिए उपयोगी हो सकती है, जो पढ़ाई के साथ-साथ काम का वास्तविक अनुभव हासिल कर मीडिया क्षेत्र में अपना करियर शुरू करना चाहते हैं।

RELATED ARTICLES

मीडिया की पढ़ाई अब सिर्फ क्लासरूम तक सीमित नहीं, प्रैक्टिकल अनुभव पर बढ़ा जोर

नई दिल्ली: मीडिया इंडस्ट्री में तेजी से बदलते कामकाजी माहौल के बीच छात्रों को किताबी जानकारी के साथ वास्तविक अनुभव देने की जरूरत भी...

पूर्वी दिल्ली में घुटनों के इलाज के लिए नई रोबोटिक तकनीक की शुरुआत

पूर्वी दिल्ली में पहली बार घुटनों के दर्द के इलाज के लिए रोबोटिक तकनीक की शुरुआत की गई है। कृष्णा नगर में सागर चोपड़ा...

पटना में विशेष जरूरतों वाले बच्चों के लिए द ब्लेस्ड वन्स की नई पहल

हर बच्चे में कुछ खास करने की क्षमता होती है, जरूरत होती है तो बस सही मार्गदर्शन और सही अवसर की। इसी सोच के...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

मीडिया की पढ़ाई अब सिर्फ क्लासरूम तक सीमित नहीं, प्रैक्टिकल अनुभव पर बढ़ा जोर

नई दिल्ली: मीडिया इंडस्ट्री में तेजी से बदलते कामकाजी माहौल के बीच छात्रों को किताबी जानकारी के साथ वास्तविक अनुभव देने की जरूरत भी...

पूर्वी दिल्ली में घुटनों के इलाज के लिए नई रोबोटिक तकनीक की शुरुआत

पूर्वी दिल्ली में पहली बार घुटनों के दर्द के इलाज के लिए रोबोटिक तकनीक की शुरुआत की गई है। कृष्णा नगर में सागर चोपड़ा...

पटना में विशेष जरूरतों वाले बच्चों के लिए द ब्लेस्ड वन्स की नई पहल

हर बच्चे में कुछ खास करने की क्षमता होती है, जरूरत होती है तो बस सही मार्गदर्शन और सही अवसर की। इसी सोच के...

आरजेएस पॉजिटिव मीडिया का राष्ट्रीय कार्यक्रम: महिला समानता की शुरुआत घर और सकारात्मक सोच से होना जरूरी

नई दिल्ली । लैंगिक समानता केवल कानूनी प्रावधानों और नारों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि इसकी वास्तविक शुरुआत परिवार के भीतर समान परवरिश, घरेलू...

Recent Comments